श्रीडूंगरगढ़ टुडे 25 मार्च 2026
मोमासर निवासी उर्मिला देवी संचेती धर्मपत्नी धनपत संचेती का ’25 मार्च 2026 को निधन हो गया। जीवन की अंतिम घड़ियों में उन्होंने नेत्रदान कर मानव सेवा का अनुकरणीय उदाहरण प्रस्तुत किया और समाज के लिए प्रेरणास्रोत बन गईं।
परिजनों की सहमति से संपन्न हुआ यह नेत्रदान किसी दृष्टिहीन के जीवन में नई रोशनी, नई दृष्टि और नई आशा का संचार करेगा। यह पुण्य कार्य जैन धर्म की अहिंसा, करुणा एवं परोपकार की भावना को सशक्त रूप में अभिव्यक्त करता है।

सरदारशहर प्राणनाथ हॉस्पिटल से नेत्र संग्रहण हेतु टीम मोमासर पहुंची और नेत्र संग्रहित किये इस दौरान परिजनों सहित मोमासर उपसरपंच जुगराज संचेती उपस्थित रहे।






