श्रीडूंगरगढ़ टुडे 16 जून 2026
श्रीडूंगरगढ़ में सोमवार को हुए दर्दनाक सड़क हादसे में घायल नन्ही तन्वी भी आखिरकार जिन्दगी की जंग हार गई। मंगलवार सुबह उसने इलाज के दौरान दम तोड़ दिया। अब इस हादसे में मरने वालों की संख्या का आंकड़ा सात हो गया। बता दें कि सोमवार दोपहर हादसा होटल नजद सिजराल के पास नेशनल हाईवे-11 पर डंपर और कार में आमने सामने भिड़ंत हो गई। हरियाणा के फतेहाबाद जिले के मताना गांव निवासी ओमप्रकाश सुथार (60) अपने परिवार के साथ स्विफ्ट डिजायर कार में मुकाम धाम दर्शन के लिए गए थे। कार में ओमप्रकाश, उनकी पत्नी सोरमा देवी (55),बेटी प्रमिला (30),दोहितियां यशवी (10),खुशी (8) और तन्वी तथा पोता रोनित (4) सवार थे। ओमप्रकाश खुद कार चला रहे थे। ओमप्रकाश 31 मई को फतेहाबाद के डीडीपीओ कार्यालय से सीनियर अकाउंटेंट पद से सेवानिवृत्त हुए थे। वे हर महीने अमावस्या पर मुकाम धाम
दर्शन के लिए आते थे। रिटायरमेंट के बाद पहली बार वे परिवार के साथ शनिवार को फतेहाबाद से मुकाम धाम के लिए रवाना हुए और देर रात वहां पहुंचे।परिवार ने मुकाम धाम में दर्शन किए। इसके बाद सोमवार सुबह करीब 11 बजे सभी लोग वापस फतेहाबाद के लिए रवाना हुए। दर्शन के बाद परिवार घर लौट रहा था।सोमवार दोपहर करीब ढाई बजे श्रीडूंगरगढ़ थाना क्षेत्र के हेमासर गांव के पास उनकी कार सामने से आ रहे डंपर से टकरा गई। टक्कर इतनी भीषण थी कि कार के परखच्चे उड़ गए और सड़क पर कई फीट तक टायरों के घिसटने के निशान बन गए।
कटर से निकाले गए शव
हादसे में ओमप्रकाश, उनकी पत्नी सोरमा देवी,बेटी प्रमिला, दोहिती यशवी,दोहिती खुशी और पोते रोनित की मौके पर ही मौत हो गई। कार बुरी तरह क्षतिग्रस्त होने के कारण पुलिस ने कटर से गाड़ी काटकर शव बाहर निकाले। हादसा इतना भयावह था कि ओमप्रकाश का शव स्टेयरिंग और सीट के बीच फंस गया था। अब ओमप्रकाश के परिवार में एक बेटा और बहू बचे हैं। इस भीषण हादसे में घायल बच्ची तन्वी को पीबीएम में भर्ती कराया गया था,जानकारी लेने कलेक्टर निशांत जैन भी पीबीएम अस्पताल पहुंचे।
तन्वी ने मंगलवार सुबह तोड़ा दम
हादसे में गंभीर रूप से घायल तन्वी को पहले श्रीडूंगरगढ़ सीएचसी ले जाया गया,जहां से उसे बीकानेर के पीबीएम अस्पताल रेफर किया गया। ट्रॉमा सेंटर में उपचार के दौरान मंगलवार सुबह उसने भी दम तोड़ दिया। इसके साथ ही कार में सवार सभी सात लोगों की मौत हो गई। हादसे में ओमप्रकाश की बेटी प्रमिला और उसकी तीनों बेटियां तथा इकलौते बेटे का बेटा रोनित भी मौत हो गई
अपनो के शव देखकर बिलख उठे परिजन, ट्रक चालक के खिलाफ लापरवाही का आरोप।
श्रीडूंगरगढ़ टाइम्स। सोमवार दोपहर को हाइवे पर हुए दर्दनाक हादसे में परिजनों ने ट्रक चालक की लापरवाही के आरोप लगाए। मताना गांव से शव लेने मृतक ओमप्रकाश विश्नोई के दो भाई रामचंद्र व कृष्ण कुमार और बेटे सुरेंद्र सहित पूरा परिवार पहुंचा। सुरेंद्र ने पुलिस को रिपोर्ट दी। अपनो के छह शवों को देखकर परिजन बिलख उठें। आस पास मौजूद लोगों ने नम आंखों से उन्हें सांत्वना दी। पुलिस ने पोस्टमार्टम कर शव परिजनों को सौंपे और रात करीब 9.30 बंसी स्वामी की एम्बुलेंस व बोलेरो में छह शव लेकर परिजन रवाना हुए।








