श्रीडूंगरगढ़ टुडे 17 जून 2026
श्रीडूंगरगढ़ क्षेत्र के गांव रीडी में 500 से ज्यादा हिरणों एंव हजारों वन्य जीवों को संरक्षित करने के लिए गांव रीडी के सिद्ध समाज ने सामुहिक अभियान शुरू किया है। गांव रीडी में स्थित गुरू जसनाथ जी महाराज के प्राचीन मंदिर के पीछे करीब 200 बीघा भूमि डोली भूमि के रूप में छोड़ी हुई है एवं अभी तक यह भूमि अव्यवस्थित रूप में ही रह रही थी। अब गांव के सिद्ध समाज ने सामूहिक रूप से इस विकसीत करने का निर्णय लिया है एवं इस भूमि पर सामूहिक लागत से गुरू जसनाथजी का मंदिर, सती दादी का मंदिर एवं वन्य जीवों के लिए पेयजल तालाब विकसीत किया है। बुधवार को मंदिरों में मुर्ति प्राण प्रतिष्ठा का आयोजन किया गया एवं गांव के जसनाथजी मंदिर से इस नए मंदिर तक ज्योत लेकर गए इस मौके पर गांव के किसननाथ बलिहारा, कालूनाथ जाखड़, पदमनाथ, पोकरनाथ, रामप्रताप बलिहारा, जम्भेश्वर पर्यावरण एवं जीवरक्षा संस्था के सक्रिय सदस्य जगदीश नाथ बलिहारा, सोहननाथ कुकणा, जंभेश्वर पर्यावरण एवं जीवरक्षा संस्था के तहसील अध्यक्ष कैलाश विश्नोई, मनिराम विश्नोई आदि भी मौजूद रहे। आयोजन के दौरान बड़ी संख्या में मातृशक्ति भी मौजूद रही एवं महाप्रसाद का आयोजन भी किया गया।







