श्रीडूंगरगढ टुडे 2 अगस्त 2026
गांव मोमासर के तेरापंथ भवन में उपासिका विनोद बाई सुराणा (लुधियाना) एवं तारा बाई बोहरा (हुबली) के सान्निध्य में ज्ञानशाला का शुभारंभ किया गया।
कार्यक्रम में बच्चों के सर्वांगीण व्यक्तित्व निर्माण, नैतिक संस्कार एवं जैन संस्कृति के संरक्षण पर विशेष जोर दिया गया। ज्ञानशाला का प्राथमिक उद्देश्य केवल धार्मिक शिक्षा देना नहीं, बल्कि बच्चों में नैतिक मूल्य और सर्वांगीण व्यक्तित्व का विकास करना है। आधुनिक समय में डिजिटल भटकाव के बीच बच्चों को अपनी संस्कृति से जोड़े रखने की दिशा में यह एक प्रभावी प्रयास है। इसी सोच के साथ निर्णय लिया गया कि ज्ञानशाला का संचालन अब प्रत्येक रविवार को नियमित रूप से किया जाएगा

ज्ञानशाला के संचालन हेतु संगठनात्मक दायित्व भी सौंपे गए अणुव्रत समिति मंत्री राकेश संचेती को ज्ञानशाला का संयोजक, अणुव्रत समिति अध्यक्षा सुमन बाफणा को सहसंयोजक तथा ज्योति बाफणा एवं प्रीति बाफणा को उपसंयोजक नियुक्त किया गया।

कार्यक्रम में महिला मंडल की रेणु संचेती, पुष्पा पटावरी सहित ज्ञानशाला के विद्यार्थी दिव्या संचेती, सौम्या, प्रियांशु, हिमांशु, अंशिका, राघव, पार्वती एवं आरती उपस्थित रहे।
मोमासर के तेरापंथ भवन में ज्ञानशाला का यह शुभारंभ समाज की नई पीढ़ी में जैन संस्कृति, नैतिकता और सकारात्मक जीवन मूल्यों के बीजारोपण की दिशा में एक दूरगामी व सराहनीय पहल है।




