श्रीडूंगरगढ टुडे 11 अगस्त 2026
निकाय चुनावों की आहट के साथ ही शहर के वार्डों में संभावित दावेदारों की सक्रियता बढ़ने लगी है। एक कार्यकाल पूरा कर चुके पार्षद अब अपने पांच वर्षों के कार्यकाल का रिपोर्ट कार्ड जनता के सामने रखने में जुट गए हैं।
इसी क्रम में वार्ड नंबर 33 के पार्षद भरत सुथार ने वार्ड में करवाए गए विकास कार्यों का ब्यौरा सार्वजनिक करते हुए अपने पांच साल के कार्यकाल की उपलब्धियां गिनाईं। सुथार ने वार्ड में हुए विभिन्न विकास कार्यों को जनता के सामने रखते हुए अपने कार्यकाल की जानकारी साझा की।
निकाय चुनाव नजदीक आने के साथ पार्षद द्वारा उपलब्धियां सार्वजनिक किए जाने को राजनीतिक दृष्टि से भी महत्वपूर्ण माना जा रहा है। इसे भरत सुथार की ओर से एक बार फिर चुनावी मैदान में उतरने की तैयारी के संकेत के रूप में देखा जा रहा है।
विकास के पथ पर अग्रसर वार्ड नं. 33: “मेरा वार्ड, मेरा परिवार” के संकल्प के साथ पूरे हुए ऐतिहासिक कार्य
विशेष रिपोर्ट: विकास कार्य लेखा-जोखा (पिछले 5 वर्ष)
“मेरा वार्ड, मेरा परिवार” की भावना और “स्वच्छ, सुंदर और विकसित वार्ड” के दृढ़ संकल्प के साथ वार्ड संख्या 33 में बीते 5 वर्षों के दौरान अभूतपूर्व बुनियादी ढांचागत विकास देखने को मिला है। सड़कों का जाल बिछाने से लेकर पानी निकासी, पेयजल व्यवस्था और बिजली के सुदृढ़ीकरण तक, हर क्षेत्र में व्यापक स्तर पर कार्य किए गए हैं।
जनसुविधाओं को प्राथमिकता देते हुए पूरे वार्ड का नक्शा बदलने के लिए नगर पालिका और सार्वजनिक निर्माण विभाग (PWD) के माध्यम से करोड़ों की लागत के विभिन्न प्रोजेक्ट पूरे किए गए हैं।
सड़क एवं मार्ग निर्माणः सुगम हुआ आवागमन
वार्ड के अंदरूनी और मुख्य रास्तों को पक्का करने के लिए ईंट रोड (Interlocking/Brick Road) और सीसी रोड (CC Road) का बड़े पैमाने पर निर्माण कराया गया है।
पार्षद की ओर से जारी विवरण के अनुसार वार्ड में विभिन्न स्थानों पर करीब 1,500 मीटर ईंट रोड और करीब 1,000 मीटर सीसी रोड सहित कुल करीब 2.5 किलोमीटर सड़क निर्माण के कार्य करवाए गए हैं। इसके अलावा सार्वजनिक निर्माण विभाग (PWD) के माध्यम से करीब 1,660 मीटर सीसी रोड का निर्माण हुआ। इस तरह वार्ड में विभिन्न एजेंसियों के माध्यम से 4 किलोमीटर से अधिक सड़क निर्माण के कार्य करवाए जाने का दावा किया गया है।
नगर पालिका द्वारा निर्मित प्रमुख सड़केंः–
प्रमुख सीसी रोडः–
अमरचंद सुथार से दुलाराम के घर तक (60 मीटर)
हनुमानमल श्यामसुखा से भंवरी बाई की दुकान तक (160 मीटर)
ओसवाल पंचायत भवन से ताराचंद पुगलिया के घर तक (160 मीटर)
बजरंग सिंह राजपूत से हनुमान दूगड़ चौराहे तक (80 मीटर)
नेमीचन्द सुराणा से पुगलिया गेस्ट हाउस तक (120 मीटर)
ईंट रोड (इंटरलॉकिंग) निर्माण कार्यः
हुलास सारस्वत के घर से लालचंद ताँवनिया तक (120 मीटर)
इंद्रचंद नाई से रेवंत राजपूत तक (80 मीटर)
रामकुमार मोट से सीताराम सुथार तक (80 मीटर)
भगवान नाई के बाड़े से पूनम चंद नाई तक (100 मीटर)
रामेश्वर सुथार से बेगाराम तक (पेड़ी वाली रोड,100 मीटर)
श्रीराम ताँवनिया से धर्म नाई के बाड़े तक (80 मीटर)
गणेश सुथार से मालाराम नाई तक (100 मीटर)
कालू जाखड़ से सीताराम सुथार तक रोड
कैलाश सारस्वत से भेरू धोरा तक (160 मीटर)
लक्ष्मीनारायण नाई के घर से सैन जी मंदिर होते हुए झाबक तक रोड
हीरालाल जाट के घर से पूनमचंद ठेकेदार होते हुए बजरंगसिंह राजपूत तक रोड
लंबी दूरी के मुख्य मार्गः पूनमचंद नाई से संतोष सुथार होते हुए कृष्ण सदन तक लगभग 1 किलोमीटर लंबी मुख्य सड़क का ऐतिहासिक निर्माण कार्य संपन्न हुआ।
शंकरलाल जोशी से विनोद नाई तक (80 मीटर)
सार्वजनिक निर्माण विभाग (PWD) द्वारा विशाल सीसी रोड प्रोजेक्टः
- ओसवाल पंचायत भवन से दूर्गादत सारस्वत चौराहा तक 800 मीटर लंबी भव्य सीसी रोड।
- शुभकरण डाकलीया से वाटर वर्क्स बाउंड्री तक 670 मीटर सीसी रोड।
- नूणाराम नाई से अनूपचंद बोथरा तकः लगभग 190 मीटर सीसी रोड।
जल निकासी एवं नाला निर्माणः जलभराव की समस्या से मुक्ति
वार्ड में लंबे समय से चली आ रही जलभराव की समस्या को जड़ से खत्म करने के लिए ठोस और मास्टर प्लान के तहत काम किया गया
हाई-टेक चैंबर सिस्टम: वार्ड 32 व 33 के मध्य, जहाँ 4-5 वार्डों का पानी एकत्र होता था, वहाँ 3 बड़े चैंबर बनाकर 90mm पाइप लाइन बिछाई गई, जिससे जल निकासी तेजी से हो सके।
मास्टर ड्रेनेज व नाला निर्माणः वार्ड 32 व 33 से सीधा बाजार तक पानी की सुगम निकासी हेतु नगर पालिका द्वारा 2 फुट चौड़े मुख्य नाले का निर्माण कराया गया।
लालचंद तावनिया से दुर्गादत के घर होते हुए बड़ा नाला: इस बड़े नाले के बनने से क्षेत्र में जलभराव खत्म हुआ और आमजन का आवागमन पूरी तरह सुगम हुआ।
वार्ड की आंतरिक नई नालियां:–
लालचंद जी ताँवनिया से इंद्र जी नाई तक बड़ी नाली
द्वारका प्रसाद सारस्वत से बजरंग सोनी / छगन सुनार के घर तक नई नाली
मांगीलाल सारस्वत से राजू सारस्वत तक नई नाली
गोविंदराम नाई से मालाराम नाई तक नाली
ओम जी सुथार से दलीप भार्गव तक नाली
शिव नाई के घर के दोनों तरफ नाली निर्माण
सुरजाराम जी सुथार के चौराहे का नाला निर्माण
पेयजल आपूर्तिः हर घर तक शुद्ध जल
वार्डवासियों को पीने के पानी के लिए परेशान न होना पड़े, इसके लिए नई पाइपलाइनें बिछाई गईं:
- मूलचंद राजपूत के घर से वाटर वर्क्स बाउंड्री तक नई पाइपलाइन।
- इंद्र नाई के घर से रेवंत राजपूत तक नई पाइपलाइन।
- पूनमचंद नाई (ठेकेदार) से कालू नाई तक नई पाइपलाइन।
बिजली व्यवस्थाः उजाले और सुरक्षा की नई किरण
बिजली के बुनियादी ढांचे को मजबूत और सुरक्षित बनाने के लिए निम्नलिखित कार्य किए गए:-
सुरक्षा कार्य: आसू भादू के घर के पास जोखिम भरे और नीचे लटकते ट्रांसफार्मर को ऊपर ऊँचाई पर शिफ्ट करवाया गया।
पोल व लाइन विस्तारः वार्ड के नए विकसित इलाकों में नए बिजली के पोल लगाए गए और विद्युत लाइन का विस्तार किया गया।
केबल अपग्रेडेशनः पुरानी व जर्जर केबलों को हटाकर नई, मजबूत केबलें डाली गईं।
लाइटिंगः रात्रि सुरक्षा और सुविधा के लिए वार्ड के लगभग सभी बिजली के खंभों पर एलटी/स्ट्रीट लाइटें लगवाई गईं।
क्या बोले पार्षद भरत
पिछले 5 वर्षों में वार्ड नं. 33 में हुआ विकास केवल कागजों तक सीमित नहीं है, बल्कि धरातल पर किया गया है। “वार्ड को अपना परिवार” मानकर किए गए इन बुनियादी सुधारों ने क्षेत्रीय नागरिकों के जीवनस्तर को सुगम, सुरक्षित और आधुनिक बनाया है।
चुनाव से पहले विकास कार्यों का रिपोर्ट कार्ड
निकाय चुनाव नजदीक आने के साथ वार्डों में राजनीतिक गतिविधियां तेज होने लगी हैं। पार्षद भरत सुथार की ओर से पांच साल के विकास कार्यों का ब्यौरा सामने रखना उनकी आगामी चुनावी दावेदारी से जोड़कर देखा जा रहा है। सड़क, जल निकासी, पेयजल और बिजली जैसे बुनियादी मुद्दों पर करवाए गए कार्यों को आधार बनाकर सुथार एक बार फिर वार्डवासियों के बीच अपनी दावेदारी मजबूत करने की कवायद में जुटे नजर आ रहे हैं। अब चुनावी माहौल बनने के साथ वार्ड नंबर 33 में राजनीतिक गतिविधियां और तेज होने की संभावना है।




