श्रीडूंगरगढ़ टुडे 18 सितंबर 2026
दहेज में एक लाख रुपये नगद और मोटरसाइकिल की मांग पूरी न होने पर एक विवाहिता को उसके बच्चे के साथ घर से निकाल देने और मारपीट करने का मामला श्रीडूंगरगढ़ थाने में दर्ज हुआ है। पुलिस ने पीड़िता की रिपोर्ट पर पति, जेठ और ननद के खिलाफ मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
शादी के बाद से ही कर रहे थे प्रताड़ित
कितासर बीदावतान निवासी कानाराम की पुत्री संतरादेवी ने पुलिस को दी रिपोर्ट में बताया कि उसका विवाह वर्ष 2008 में मेघजी की बाड़ी (बीदासर) निवासी महेंद्र पुत्र बजरंगलाल ढोली के साथ हुआ था। शादी में पिता ने अपनी हैसियत के मुताबिक गहने, सामान और नगदी दी थी। इसके बावजूद शादी के बाद से ही पति महेंद्र, जेठ करणाराम और ननद संतोष एक लाख रुपये नगद व मोटरसाइकिल की मांग को लेकर उसे प्रताड़ित करने लगे।
छूछक कम देने का लगाया आरोप, गर्भवती अवस्था में निकाला
पीड़िता के अनुसार, पहले पुत्र के जन्म पर कम छूछक (छूछक रस्म) लाने का ताना देकर आरोपियों ने उसके साथ मारपीट की। करीब डेढ़ साल पहले जब वह दोबारा गर्भवती थी, तब आरोपियों ने उसे एक बेटे के साथ घर से बाहर निकाल दिया। इसके बाद आठ माह पूर्व उसने एक पुत्री को जन्म दिया, लेकिन आरोपियों ने मांग पूरी न होने तक बच्ची को देखने आने से भी साफ इनकार कर दिया।
पंचायत में भी मारपीट, स्त्रीधन लौटाने से इनकार
पीड़िता ने बताया कि 15 जून को जब उसका पति चेन्नई से कमाकर लौटा, तो परिजनों के कहने पर आरोपी उसके पीहर आए। गांव में पंचायत बैठी, लेकिन आरोपियों ने बिना बाइक और एक लाख रुपये के उसे साथ ले जाने से मना कर दिया। विरोध करने पर आरोपी तैश में आ गए और पीड़िता के साथ मारपीट की। साथ ही उसका स्त्रीधन भी लौटाने से इनकार कर दिया।
पुलिस ने शुरू की जांच
श्रीडूंगरगढ़ पुलिस ने पीड़िता की शिकायत के आधार पर पति महेंद्र, जेठ करणाराम और ननद संतोष के खिलाफ संबंधित धाराओं में मामला दर्ज कर लिया है। मामले की जांच एसआई रतनलाल को सौंपी गई है।



